बरेली(गुलरेज़ ख़ान): बरेली में शनिवार की सुबह-सुबह एक प्लाट पर कब्जे को लेकर बीच सड़क पर गोलियां तड़तड़ाने लगीं। काफी देर तक दोनों तरफ से गोलीबारी होती रही। मौके पर दहशत इतनी थी कि बीच हाईवे पर राहगीर भी पीछे लौट गए।
पीलीभीत बाईपास पर करोड़ों के प्लाट पर कब्जे को लेकर बिल्डर के गुर्गों ने कई राउंड फायरिंग की। बजरंग ढाबे के पास दोनों ओर से हाईवे को बंद कर दिया गया, राहगीरों को भी पीटा। फिल्मी स्टाइल में दोनों ओर से जमकर गोलियां चलीं, गोलियां दीवारों में भी धंस गईं हैं। इज्जतनगर पुलिस ने दो आरोपियों को बंदूक के साथ गिरफ्तार कर लिया है। थाने पर हत्या के प्रयास, बलवा समेत कई धाराओं में दोनों पक्षों के 50 से 60 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। आरोपियों की फॉर्च्यूनर भी पुलिस ने कब्जे में ली है।
पीलीभीत बाईपास पर गुंडे मचा रहे थे बवाल, एक घंटे बाद पहुंची पुलिस
पीलीभीत बाईपास पर बिल्डर राजीव राणा और आदित्य उपाध्याय के गुर्गों के बीच गोलीबारी हुई। हिस्ट्रीशीटर रोहित ठाकुर ने बीच रोड पर खड़े होकर फायरिंग की। इस दौरान छत पर टहल रहे हैं एक व्यक्ति को भी गोली लग गई। प्लाट में खड़ी दो जेसीबी को भी आग लगा दी गई। जमकर तोड़फोड़ हुई। सूचना पुलिस और फायर ब्रिगेड को दी गई।
एक घंटे बाद पुलिस वहां पहुंची। इसको लेकर लोगों में पुलिस के खिलाफ भी काफी रोष है। माना जा रहा है कि थाना पुलिस की मिली भगत से दबंगों ने कब्जा करने की कोशिश की।
सुबह 7 भी से एक घंटे तक गुंडों के हवाले रहा पीलीभीत बाईपास
सीओ तृतीय अनीता सिंह चौहान ने बताया कि शनिवार सुबह 7 बजे इज्जतनगर पुलिस को सूचना मिली कि बजरंग ढाबे के पास आदित्य उपाध्याय की शंकर महादेव मार्बल्स के नाम से दुकान है। सुबह बिल्डर राजीव राणा उसका बेटा और पार्टनर केपी यादव अपने 40 से 50 अज्ञात लोग और दो जेसीबी लेकर पहुंचे। उन्होंने दुकान में तोड़फोड़ और कब्जा करने की कोशिश की। दोनों ओर से फायरिंग की गई।
तीन घंटे तक जलती रहीं जेसीबी
इसके बाद कब्जेदारों ने जेसीबी में आग लगा दी। पुलिस और फायर ब्रिगेड ने मौके पर पहुंचकर हालात को काबू किया। पुलिस ने मौके से आदित्य उपाध्याय उसके बेटे अविरल उपाध्याय और उनके पास से बंदूक बरामद की है। दोनों इज्जतनगर थाने की हवालात में बंद है। राजीव राणा पक्ष के सभी हमलावर मौके से फरार हो गए। उनकी फॉर्च्यूनर को पुलिस ने कब्जे में लिया है। सभी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जा रहा है।
बरेली में गुंडो की पुलिस को खुलेआम चुनौती
सुबह हुई घटना ने पुलिस और प्रशासन के सामने चुनौती पैदा कर दी है। दो साल पहले भू-माफिया के खिलाफ बरेली में बड़ी कार्रवाई के बाद अब दबंगों ने पुलिस प्रशासन को सरेआम खुली चुनौती दी है।
यह घटना उस समय सामने आई है। जब बरेली जोन के एडीजी बदल गए हैं। रमित शर्मा यहां के नए एडीजी बने हैं। नए एडीजी बनते ही बरेली में बिल्डर की गैंगवार सामने आ गई। माना जा रहा है कि पुलिस इस घटना को लेकर सख्त कार्रवाई करने के मूड में है। क्योंकि इस वारदात ने सीधे तौर पर शहर के कानून व्यवस्था को खुली चुनौती दी है। नए एडीजी जोन रमित शर्मा अपने सख्त मिजाज और कड़े तेवर के लिए जाने जाते हैं। इस मामले में पुलिस की जरा सी लापरवाही दरोगा, इंस्पेक्टर और सीओ के करियर को बर्बाद कर सकती है।
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