पूर्व मंत्री नवेद मियां समेत सभी शाही परिवार के सदस्य कलकत्ता पहुंचे
उत्तर प्रदेश/रामपुर: रामपुर रियासत के अंतिम शासक नवाब रज़ा अली खां की बेटी नवाबज़ादी क़मर लका बेगम का निधन हो गया है। उन्होंने कलकत्ता में आखिरी सांस ली। शुक्रवार को कलकत्ता में ही उनको दफन किया गया है। उनके निधन से शाही परिवार में ग़म का माहौल है। पूर्व मंत्री नवाब काजिम अली खां उर्फ नवेद मियां समेत सभी परिजन कलकत्ता पहुंच गए हैं।
रामपुर के शाही परिवार में 1935 में नवाबजादी कमर लका बेगम का जन्म हुआ था। वह तत्कालीन शासक नवाब रजा अली खां की चौथी पुत्री थीं। उनकी शादी जस्टिस सैय्यद सरवर अली से हुई थी। वह पटना हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश और बिहार के लोकायुक्त रहे थे। उनकी पुत्री जस्टिस शीमा अली ख़ान भी पटना हाईकोर्ट की जज रही थीं।
नवाब रजा अली खां के तीन पुत्र नवाबजादा मुर्तुजा अली खां, नवाबजादा जुल्फिकार अली ख़ां उर्फ मिक्की मियां और नवाबजादा आबिद अली खां थे। नवाब रजा अली खां की छः पुत्रियां थीं, जिनके नाम नवाबजादी कमर लका बेगम के अलावा नवाबजादी खुर्शीद लका बेगम, नवाबजादी मेहरुन्निसा बेगम, नवाबजादी बिरजीस लका बेगम, नवाबजादी अख्तर लका बेगम और नवाबजादी नाहीद लका बेगम हैं।
रामपुर में नवाबजादा जुल्फिकार अली ख़ां उर्फ मिक्की मियां की पत्नी पूर्व सांसद बेगम नूरबानो और पुत्र पूर्व मंत्री नवाब काजिम अली खां उर्फ नवेद मियां ही रहते हैं।
कलकत्ता में दफन किया गया
नवाबजादी कमर लका बेगम को कलकत्ता में ही दफन किया गया है। शुक्रवार की रात उनकी तदफीन अमल में आई। उनकी तदफीन में पूर्व मंत्री नवाब काजिम अली खां उर्फ नवेद मियां समेत शाही खानदान के सभी लोगों ने शिरकत की है। नवेद मियां ने उनके निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है।
- Police Book Budgam Resident for Sharing Provocative Social Media Content

- ईरान के नए नेतृत्व पर ट्रंप का कड़ा रुख: ‘अमेरिकी मंजूरी के बिना नया सर्वोच्च नेता स्वीकार्य नहीं’

- UPSC में मुस्लिम युवाओं की सफलता पर डॉ. सैयद अहमद खान ने दी बधाई, कहा- ‘शिक्षा ही तरक्की का एकमात्र रास्ता’

- ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेज़ेश्कियान ने पड़ोसी देशों से मांगी माफी; बोले- ‘ईरान नहीं करेगा हमले की पहल’

- ईरान-इजरायल संघर्ष का असर: LPG सिलेंडर की कीमतों में भारी उछाल, घरेलू सिलेंडर ₹60 महंगा

- Jamia’s RCA Shines: 38 Students Clear UPSC 2025 with 4 in Top 50

