मुरादाबाद, 28 मई 2026: :मुस्लिम राष्ट्रीय मंच के राष्ट्रीय संयोजक जनाब मज़ाहिर खान रुहेला पठान साहब की पूजनीय माताजी के आकस्मिक इंतिकाल के बाद, आज 28 मई को उनके पीतल नगरी स्थित आवास पर सांत्वना देने और शोक व्यक्त करने वाले प्रबुद्ध नागरिकों व सामाजिक कार्यकर्ताओं का तांता लगा रहा। दिनभर विभिन्न संगठनों के पदाधिकारियों और गणमान्य व्यक्तियों ने उनके आवास पर पहुंचकर शोकाकुल परिवार को ढांढस बंधाया।
महानगर संयोजक धवल दीक्षित ने साथियों संग प्रकट की संवेदना
आज शोक व्यक्त करने पहुंचे लोगों में मुख्य रूप से महानगर संयोजक श्री धवल दीक्षित जी शामिल रहे। उन्होंने अपने साथियों के साथ मज़ाहिर खान जी से मुलाकात की और इस असहनीय दुःख की घड़ी में अपनी गहरी शोक संवेदनाएँ अभिव्यक्त कीं।

श्री धवल दीक्षित ने पीड़ित परिवार के प्रति एकजुटता जताते हुए कहा: “माताजी का जाना पूरे समाज के लिए एक अपूरणीय क्षति है। इस बेहद कठिन समय में हम सब मुज़ाहिर खान जी और उनके परिवार के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़े हैं। ईश्वर पुण्यात्मा को शांति दें और परिवार को यह आघात सहने का संबल प्रदान करें।”
दिखी सामाजिक सद्भाव और आपसी भाईचारे की मिसाल
मुरादाबाद की गंगा-जमुनी तहज़ीब को जीवंत करते हुए आज मज़ाहिर खान साहब के आवास पर समाज के हर वर्ग और विचारधारा के लोग एक साथ नजर आए। विपरीत परिस्थितियों में एक-दूसरे का संबल बनने और दुःख बांटने की इस पहल को स्थानीय लोगों ने आपसी भाईचारे और सामाजिक सद्भाव की एक बेहद मजबूत व अनुकरणीय मिसाल बताया।
नम आँखों से दी गई अंतिम विदाई, मगफ़िरत की दुआ
इससे पहले, मंगलवार की दोपहर में ज़ोहर की नमाज़ के बाद मरहूमा के जनाज़े की नमाज़ अदा की गई, जिसमें बड़ी संख्या में उलेमा-ए-किराम, धार्मिक व राजनीतिक संगठनों के जिम्मेदार लोग और आम नागरिक शामिल हुए। नम आँखों से सुपुर्द-ए-ख़ाक किए जाने के बाद, आज शाम तक उनके आवास पर आने वाले लोग लगातार मरहूमा की मग़फ़िरत (मोक्ष) और शोक संतप्त परिवार को सब्र मिलने की दुआएं करते रहे।
- जौहर यूनिवर्सिटी केस: रिकॉर्ड की सत्यापित प्रतियां देने के निर्देश, 38 भवनों के ध्वस्तीकरण मामले में सुनवाई

- उत्तर प्रदेश में बड़ा पुलिस फेरबदल: 18 IPS अधिकारियों के तबादले, ATS से लेकर SSF तक बदली जिम्मेदारियां

- यूपी में 34 आईएएस अधिकारियों का तबादला, 14 जिलाधिकारियों का भी फेरबदल

- गौशालाओं में क्रूरता और लापरवाही की शिकायत पर बड़ा एक्शन: बरेली मण्डल में उच्चस्तरीय जाँच के आदेश

- देवरिया: 65 वर्षीय मोहन प्रसाद की मौत के बाद दफनाने पर मचा विवाद, पुलिस की मौजूदगी में पूरी हुई अंतिम प्रक्रिया

