उत्तर प्रदेश के पूर्व राज्यपाल अजीज कुरैशी शनिवार देर रात सपा सांसद आजम खान के आवास पर पहुंचे। वहां पहुंच कर उन्होंने आजम खान की पत्नी जो शहर विधायक भी हैं तन्ज़ीन फातमा से मुलाक़ात की और उनका दुख दर्द बांटा, साथ ही साथ आजम खान की रिहाई की भी मांग की।
Globaltoday.in | शहबाज़ मलिक | रामपुर
अजीज कुरैशी ने कहा मैं अपनी भाभी से और भतीजे से मिलने आया हूं, उनको हिम्मत देने आया हूं मुलायम सिंह ने इस यूनिवर्सिटी के लिए 50% सीट मुसलमानों के लिए रिज़र्व करने की बात कही थी जो एक तबक़े को मंजूर नहीं थी क्योंकि कुछ लोग इस क़ौम को जाहिल ही देखना चाहते हैं।
पूर्व राज्यपाल अजीज कुरैशी ने कहा,”जौहर यूनिवर्सिटी को विधानसभा से पास करने के 10 साल के बाद तक इस बिल को मंजूरी नहीं दी गई। गवर्नमेंट ने उसको पेंडिंग रखने की सिर्फ एक वजह थी मुलायम सिंह ने बतौर चीफ मिनिस्टर बिल पास करने दिया था कि 50% सीट मुसलमानों के लिए सीट रिजर्व की थीं। यह बात एक तबके को कुबूल नहीं थी।
जौहर यूनिवर्सिटी का बिल एक तबक़े को मंज़ूर नहीं था
अज़ीज़ कुरैशी ने तंज़ करते हुए कहा जाहिल क़ौम मिट्टी उठाने वाली, मजदूरी करने वाली, जूते पॉलिश करने वाली यह कैसे पढ़ लिख जाएगी। इसमें डॉक्टर अगर होंगे तो 50% मुस्लिम डॉक्टर होंगे, यह बर्दाश्त नहीं था इन्हें। इसलिए इन्होंने इस बिल को मंजूर नहीं किया। मैंने इंसाफ किया। मैंने कोई कारनामा नहीं किया, मैंने कोई तीर नहीं मारा।
बिल पास करके कोई तीर नहीं मारा
आजम खान ने इस यूनिवर्सिटी को खून पसीने से सींचा था। उसको वजूद में लाने के लिए मैंने सिर्फ दस्तखत किए कारनामा तो आजम भाई का है, मुलायम सिंह यादव का है। हर आदमी उस काम को कर सकता था जो जानता था कि ये करने से मेरी गवर्नरी खत्म हो जाएगी तो आदमी अपनी गवर्नरी ही को देख ले या अपनी कौम को को देख ले। अज़ीज़ कुरैशी ने कहा मैंने अपने फर्ज की अदायगी की है, मैंने कोई तीर नहीं मारा है। मैं भगवान को, खुदा को गवाह बनाकर कहता हूं कि मैंने कोई ऐसा कारनामा नहीं किया है जिसमें मुझे गुरुर हो। एक इंसाफ था जिसको मना किया जा रहा था, जिनको जस्टिस डिव था उनको डिव दिया मैंने। सारा क्रेडिट आजम भाई का है जिसमें उन्होंने अपनी पूरी जिंदगी खर्च कर दी।
सरकार को चुल्लू भर पानी में डूब मरना चाहिए
पूर्व राज्यपाल अज़ीज़ कुरेशी ने कहा में भाभी के पास आया था भतीजों के पास आया था। डेढ़ साल से घर से बाहर नहीं निकला कोरोना की वजह से घर में ही कैद था। बहुत टाइम बाद घर से बाहर आया हूं यहां आया हूं। यूं जो जुल्म, टॉर्चर, ज़्यादती, ट्रीटमेंट जो इस गवर्नमेंट ने किया है आजम भाई के साथ तो उसके लिए मुझे कुछ कहने की जरूरत नहीं है। मेरे बयान आते रहते हैं तो इसलिए मैं भाभी की और बच्चो की खैरियत के लिए आया था और कहने आया था की हिम्मत रखिए लोग आप के साथ हैं आपके अल्लाह साथ है। इंशाल्लाह जीत आपकी ही होगी और इस गवर्मेंट को शर्म आनी चाहिए है चुल्लू भर पानी में डूब ने के लिए।
रामपुर वासियों पर बरसे अज़ीज़ कुरैशी
वही पूर्व राज्यपाल अज़ीज़ कुरेशी ने कहा बेगरती हमारे कॉम की है और रामपुर वालों की है की आज़म भाई के साथ इतना जुल्म ज़्यादती हुई जो तारीख मिलेगी आपको बड़े-बड़े खास डाकू लुटेरे हमलावर हुए हैं ।गुमराह लोगों ने किया है उन्होंने भी कभी यह नहीं किया पहले जमने में भी ऐसा कभी नही हुआ जो इस गवर्नमेंट ने किया है तो यह हमारे लोगों की कमी है मुसलमानों की खासतौर से और रामपुर वालों की आप लोग यहां मौजूद है। मैं भी रामपुर से हूं मेरी ननिहाल रामपुर की है मेरी मां रामपुर की है वरना उनको तो यहां पूरे रामपुर को बंद कर देना चाहिए था। शहर का रोक देना चाहिए था। रेलवे स्टेशन, रुकावट, सड़कों का रोकना, बंद, रास्तों का रोकना यह सब करना चाहिए था पूरी यूथ को आगे आना चाहिए था।
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