कैथोलिक ईसाइयों के सबसे बड़े धर्मगुरु पोप फ्रांसिस का 88 वर्ष की आयु में निधन हो गया है।
वेटिकन सिटी द्वारा सोशल मीडिया पर जारी एक बयान में पोप फ्रांसिस जॉर्ज मारियो बर्गोग्लियो के 88 वर्ष की आयु में निधन की पुष्टि की गई।
पोप फ्रांसिस रोमन कैथोलिक चर्च के पहले लैटिन अमेरिकी नेता थे और लंबी बीमारी से उबरने के बाद कुछ दिन पहले उन्हें अस्पताल से छुट्टी मिली थी। पोप फ्रांसिस ने ईस्टर रविवार को लोगों से मुलाकात भी की।
स्मरण रहे कि पोप फ्रांसिस का नाम जॉर्ज मारियो बर्गोग्लियो था और उन्होंने पोप बेनेडिक्ट के इस्तीफे के बाद 2013 में पोप का पद संभाला था। पोप फ्रांसिस पहले अर्जेंटीना की राजधानी ब्यूनस आयर्स के आर्कबिशप थे।
पोप फ्रांसिस कई महीनों से बीमार थे और उन्हें 14 फरवरी को गंभीर श्वसन समस्या के कारण अस्पताल में भर्ती कराया गया था। पोप फ्रांसिस निमोनिया के कारण पांच सप्ताह अस्पताल में रहने के बाद पिछले महीने वेटिकन लौट आये थे।
- ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेज़ेश्कियान ने पड़ोसी देशों से मांगी माफी; बोले- ‘ईरान नहीं करेगा हमले की पहल’

- ईरान-इजरायल संघर्ष का असर: LPG सिलेंडर की कीमतों में भारी उछाल, घरेलू सिलेंडर ₹60 महंगा

- Jamia’s RCA Shines: 38 Students Clear UPSC 2025 with 4 in Top 50

- ईरान-इजरायल युद्ध: ट्रम्प प्रशासन को लगा दोहरा झटका; बेन गुरियन एयरपोर्ट पर भीषण हमला और हथियारों की भारी कमी

- UPSC सिविल सेवा परीक्षा 2025 के परिणाम घोषित: राजस्थान के डॉ. अनुज अग्निहोत्री ने किया देश में टॉप

