लखनऊ | 18 फरवरी, 2026: बहुजन समाज पार्टी (BSP) की राष्ट्रीय अध्यक्ष और ‘आयरन लेडी’ के नाम से मशहूर बहन कु. मायावती जी ने आगामी विधानसभा चुनावों को लेकर चल रही सभी अटकलों पर पूर्ण विराम लगा दिया है। रविवार को एक कड़क प्रेस नोट जारी करते हुए उन्होंने स्पष्ट किया कि बी.एस.पी. किसी भी दल के साथ ‘गठबंधन’ की बैसाखी पर नहीं, बल्कि अकेले अपने बलबूते पर चुनाव मैदान में उतरेगी।
गठबंधन की चर्चाओं को षड्यंत्र बताते हुए मायावती ने कहा:
1.’गठबंधन की चर्चा सिर्फ एक षड्यंत्र’: मायावती जी ने मीडिया के एक वर्ग द्वारा फैलाई जा रही गठबंधन की खबरों को ‘कटी पतंग’ और ‘फेक न्यूज़’ करार दिया। उन्होंने साफ कहा कि यह विरोधियों की एक घिनौनी साजिश है ताकि बी.एस.पी. समर्थकों को गुमराह किया जा सके।
.2.पुराने अनुभवों से लिया सबक: बसपा सुप्रीमो ने कड़े शब्दों में कहा कि कांग्रेस, भाजपा और सपा जैसे दलों की मानसिकता हमेशा से ‘अम्बेडकर विरोधी’ रही है। अतीत के कड़वे अनुभवों का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि इन दलों के साथ गठबंधन से हमेशा बी.एस.पी. को ही नुकसान हुआ है, इसलिए अब पार्टी 2007 के ‘पूर्ण बहुमत’ वाले फॉर्मूले पर अकेले काम करेगी।
3. सुरक्षा और बंगले पर उठे विवादों का मुंहतोड़ जवाब: दिल्ली में आवंटित टाइप-8 बंगले पर उठ रहे सवालों पर पलटवार करते हुए मायावती जी ने इसे उनकी Z+ सुरक्षा की अनिवार्य जरूरत बताया। उन्होंने याद दिलाया कि 1995 के ‘स्टेट गेस्ट हाउस कांड’ के बाद से ही उन पर सुरक्षा खतरा बना हुआ है। उन्होंने इस मुद्दे पर राजनीति करने वालों को ‘संकीर्ण मानसिकता’ वाला बताया।
4. ‘आयरन नेतृत्व’ पर भरोसा रखने की अपील: कार्यकर्ताओं में जोश भरते हुए बसपा प्रमुख ने कहा, “चुनाव नजदीक आते ही साम-दाम-दंड-भेद के हथकंडे बढ़ेंगे, लेकिन देश भर के अम्बेडकरवादियों को अपने ‘आयरन’ नेतृत्व पर पुख्ता भरोसा रखना चाहिए।” उन्होंने मिशनरी भावना के साथ मिशन को मजबूत करने का आह्वान किया।
- नोएडा में हिंसक प्रदर्शन के बाद यूपी सरकार का फैसला, गौतम बुद्ध नगर और गाजियाबाद में बढ़ी न्यूनतम मजदूरी

- हाईकोर्ट में आज श्रीकृष्ण जन्मभूमि-शाही ईदगाह विवाद पर अहम सुनवाई, 18 मुकदमों का फैसला तय

- योगी के खिलाफ़ विवादित पोस्ट करने पर सपा नेता आईपी सिंह के खिलाफ FIR

- रामपुर में ‘आज़म युग’ का अंत? अखिलेश यादव ने बिछाई नई बिसात, पूर्व बसपाई दलित चेहरे पर लगाया दांव

- UP Expressway Network: 22 एक्सप्रेस-वे के जाल से बदलेगा उत्तर प्रदेश का भविष्य, औद्योगिक क्रांति की ओर कदम

