रामपुर: जनपद रामपुर में विधानसभा नामावलियों के विशेष पुनरीक्षण-2026 (SIR) के दौरान गंभीर लापरवाही सामने आने पर जिला प्रशासन ने कड़ी कार्रवाई की है। 20 नवंबर को हुई समीक्षा बैठक में पाया गया कि कई बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) ने अपने कार्यों में उदासीनता दिखाई और डिजिटलाइजेशन सहित अन्य आवश्यक कार्य समय पर पूर्ण नहीं किए। इन कमियों के आधार पर प्रशासन ने पांच बीएलओ को निलंबित कर उनका मानदेय रोकने के आदेश जारी किए हैं।

अधिकारियों का कहना है कि निर्वाचन प्रक्रिया की पवित्रता, पारदर्शिता और विश्वसनीयता सुनिश्चित करना सर्वोच्च प्राथमिकता है, इसलिए आदेशों की अवहेलना या लापरवाही के मामलों में सख्त कार्रवाई जरूरी थी।
समीक्षा में यह भी सामने आया कि संबंधित बीएलओ गणना प्रभारी के निर्देशों का पालन नहीं कर रहे थे, न ही डिजिटलीकरण कार्यों की प्रगति संतोषजनक थी। कई बार निर्देश दिए जाने के बावजूद उन्होंने कार्य समय पर पूर्ण नहीं किया। इसे गंभीरता से लेते हुए प्रशासन ने निलंबन और मानदेय रोकने का निर्णय लिया ।
सूत्रों के मुताबिक, निलंबित बीएलओ विभिन्न विद्यालयों, आंगनबाड़ी केंद्रों और सरकारी कार्यालयों में तैनात थे। अब उनके स्थान पर अन्य कर्मचारियों की नियुक्ति की जा रही है ताकि आगामी पुनरीक्षण अभियान प्रभावित न हो।
जिलाधिकारी कार्यालय की ओर से दोहराया गया है कि निर्वाचन संबंधी कार्य अत्यंत संवेदनशील हैं और किसी भी स्तर पर लापरवाही या ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
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