जबलपुर हाईकोर्ट के जस्टिस अतुल श्रीधरन ने मंत्री विजय शाह की टिप्पणी का संज्ञान लेते हुए अगले 4 घंटे में उनके खिलाफ बीएनएस की धारा 152, 196(B), 197 और बीएसएस की धारा 122 के तहत प्राथमिकी दर्ज करने का आदेश दिया है। ये सभी धाराएं गैर ज़मानती बताई जा रही हैं।
हाई कोर्ट ने आपरेशन सिंदूर की नायिका कर्नल सोफिया कुरैशी पर बेहूदा और अपमानजनक टिप्पणी के मामले में स्वत: संज्ञान लेकर सुनवाई करते हुए सख्ती के साथ बीजेपी के जनजातीय कार्य मंत्री विजय शाह के विरुद्ध तत्काल एफआईआर के निर्देश दिए हैं। न्यायमूर्ति अतुल श्रीधरन और अनुराधा शुक्ला की युगलपीठ ने साफ किया कि हर हाल में बुधवार को शाम तक एफआईआर हो जानी चाहिए, अन्यथा गुरुवार सुबह डीजीपी के विरुद्ध अवमानना की कार्रवाई होगी।
कोर्ट ने महाधिवक्ता कार्यालय को निर्देश दिया कि आदेश की प्रति बिना देर किये डीजीपी को भेजें। ऐसा इसलिए ताकि निर्देश का पालन संभव हो। कोर्ट ने 15 मई को मामला टाप आफ द लिस्ट सुनवाई के लिए रखा है। आईटी से अपेक्षा की है कि मंत्री विजय शाह ने महिला सैन्य अधिकारी के विरुद्ध जो बयान दिया है, उसकी विडियो लिंक कलेक्ट कर कोर्ट के पटल पर रखें। राज्य की ओर से महाधिवक्ता प्रशांत सिंह खडे हुए।
इस बीच यह भी खबर है कि मध्य प्रदेश की बीजेपी सरकार के मंत्री कुंवर विजय शाह की मुश्किलें पार्टी के अंदर भी बढ़ने वाली हैं। कर्नल सोफिया कुरैशी के भाई ने पीएम मोदी से मंत्री विजय शाह के बयान पर संज्ञान लेने की मांग की थी। जिसके बाद कल शाम यह मामला गृह मंत्री अमित शाह के समक्ष पहुंच गया। अब चर्चा है कि आज शाम तक मंत्री विजय शाह का इस्तीफा हो सकता है।
बता दें कि मध्य प्रदेश सरकार में जनजाति कार्य मंत्री और बीजेपी के वरिष्ठ नेता विजय शाह ने सोमवार को एक जनसभा में भाषण देते हुए भारतीय सेना की कर्नल सोफिया कुरैशी पर आपत्तिजनक टिप्पणी की थी। उन्होंने कर्नल कुरैशी को “आतंकवादियों की बहन” के रूप में पेश करने की कोशिश की थी, जिसने एक बड़ा विवाद खड़ा कर दिया। उनके बयान का वीडियो वायरल होने पर उनकी चौतरफा निंदा होने लगी और उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग उठने लगी थी।
- ‘भाजपाइयों के लिए शिक्षा सिर्फ व्यापार है…’: जयपुर में कॉजपा सदस्यों पर हमले पर भड़के अखिलेश यादव

- मोहन भागवत अमेरिका, ब्रिटेन और कनाडा का करेंगे दौरा, क्या है मकसद? RSS ने बताया मास्टरप्लान

- देशभर के मदरसों और खानकाहों में धूमधाम से मनाया गया स्वतंत्रता दिवस, मुल्क की तरक्की के लिए उलेमाओं ने की दुआएं

- विरोध प्रदर्शन करने से Gen-Z देशविरोधी नहीं हो जाते, वे हमारी पीढ़ी से भी ज्यादा ईमानदार और देशभक्त हैं: मोहन भागवत

- तरुण तेजपाल दोषी करार: बॉम्बे हाई कोर्ट की गोवा बेंच ने पलटा 2021 का बरी करने वाला फैसला


