नई दिल्ली: जमाअत-ए-इस्लामी हिंद के अध्यक्ष ने एक बयान जारी कर कहा है कि जमात का मत है कि आतंकवाद एक गंभीर खतरा और मानवता के खिलाफ एक जघन्य अपराध है। देश और इसके लोगों की सुरक्षा, संरक्षा और शांति के लिए इसका समूल नष्ट होना अत्यंत आवश्यक है।
उन्होंने कहा कि आतंकवाद के खिलाफ देश की सशस्त्र सेनाओं और सुरक्षा एजेंसियों द्वारा की जा रही कार्रवाई को देशभर के सभी धर्मों और समुदायों का सम्पूर्ण समर्थन मिल रहा है। पूरा भारत एकजुट होकर हमारी सेनाओं के साथ खड़ा हैं। साथ ही, हम इस बात पर विशेष बल देना चाहते हैं कि इस महत्वपूर्ण क्षण में, सभी नागरिकों के लिए एक साथ आना और एकजुट होकर इस चुनौती का सामना करना अनिवार्य है। विभाजन या सांप्रदायिक तनाव फैलाने के लिए राष्ट्रीय सुरक्षा के मुद्दे का इस्तेमाल देश हित के खिलाफ है और इसे स्पष्ट रूप से अस्वीकार कर रोका जाना चाहिए।
हम सभी राजनीतिक, सामाजिक और धार्मिक संगठनों और समूहों से देश की एकता, सांप्रदायिक सद्भाव और आपसी सम्मान बनाए रखने तथा जिम्मेदार नागरिक होने और सामूहिक एकजुटता के प्रदर्शन की अपील करते हैं।
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