क्रिकेट पर केंद्र को घेरा तेजस्वी ने पूछा- “जब खून-पानी-रिश्ता नहीं, तो मैच क्यों?”

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Tejashwi cornered the Centre on cricket and asked, "When there is no blood-water-relationship, then why the match?"
क्रिकेट पर केंद्र को घेरा तेजस्वी ने पूछा- "जब खून-पानी-रिश्ता नहीं, तो मैच क्यों?"

पटना: बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने शनिवार को कई अहम मुद्दों पर अपनी बेबाक राय रखी। उन्होंने आगामी बिहार अधिकार यात्रा से लेकर भारत-पाकिस्तान क्रिकेट मैच तक पर अपने विचार साझा किए।

16 सितंबर से शुरू होगी बिहार अधिकार यात्रा

तेजस्वी यादव ने बिहार अधिकार यात्रा को लेकर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि यह यात्रा 16 सितंबर से शुरू होगी। पिछली बार उनकी यात्रा 20 से ज्यादा जिलों में हुई थी, लेकिन कुछ जिलों में वे नहीं जा पाए थे।

“इस बार हम उन जिलों का दौरा करेंगे जो छूट गए थे। जनता के बीच जाकर हमारी पार्टी का संदेश पहुंचाएंगे,” तेजस्वी ने कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह यात्रा उनकी पार्टी की अलग यात्रा है और संयुक्त रूप से चलाई जा रही यात्राओं से भिन्न होगी।

“बिहार में इस बार निश्चित बदलाव होगा”

आरजेडी नेता ने दावा किया कि बिहार में इस बार निश्चित तौर पर राजनीतिक बदलाव होगा। उन्होंने कहा कि राज्य की जनता बेरोजगारी, महंगाई, भ्रष्टाचार और अपराध जैसी समस्याओं से बेहद परेशान है।

“प्रदेश में जिस तरह से अपराध और भ्रष्टाचार बढ़ा है, जनता निराश है और मौजूदा सरकार के खिलाफ आक्रोशित है,” तेजस्वी ने कहा।

नेपाल की स्थिति पर तेजस्वी की राय

नेपाल की ताजा राजनीतिक स्थिति पर सवाल पूछे जाने पर आरजेडी नेता ने कहा कि वहां की पूर्व चीफ जस्टिस सुशीला कार्की को कार्यवाहक प्रधानमंत्री के रूप में शपथ दिलाई गई है।

तेजस्वी ने उम्मीद जताई कि कार्की नेपाल की जनता की अपेक्षाओं पर खरी उतरेंगी और नई सरकार जनता के सपनों को पूरा करेगी।

क्रिकेट मैच पर केंद्र सरकार को घेरा

सबसे चर्चित बयान भारत-पाकिस्तान क्रिकेट मैच को लेकर आया। तेजस्वी यादव ने केंद्र सरकार पर सीधा निशाना साधते हुए कहा:

“जब हम खून, पानी और रिश्ता नहीं चाहते, तो क्रिकेट मैच क्यों हो रहा है?”

उन्होंने आगे कहा, “जनता ऐसे सवाल हमेशा उठाती रहेगी और यह सरकार से बिल्कुल जायज सवाल है। जब राजनीतिक और सामाजिक रिश्ते खराब हों, तो खेल के नाम पर क्यों नजदीकी दिखाई जा रही है।”

विपक्षी नेता का संदेश

तेजस्वी यादव के इस बयान से यह स्पष्ट होता है कि आने वाले समय में वे केंद्र और राज्य सरकार दोनों के खिलाफ तेज अभियान चलाने की तैयारी में हैं। बिहार अधिकार यात्रा के जरिए वे सीधे जनता से जुड़कर अपनी राजनीतिक स्थिति को मजबूत करना चाहते हैं।