वेबडेस्क, 30 मार्च 2026: ईरान ने अमेरिका को स्पष्ट चेतावनी जारी की है कि किसी भी जमीनी सैन्य कार्रवाई के ‘भयानक परिणाम’ उसे भुगतने पड़ेंगे। ईरानी संसद अध्यक्ष मोहम्मद बाकर क़लीबाफ़ ने आरोप लगाया कि अमेरिका सार्वजनिक रूप से बातचीत की बात तो करता है, लेकिन पर्दे के पीछे सैन्य तैयारी में जुटा हुआ है। उन्होंने कहा, “यदि अमेरिकी सेना आगे बढ़ी, तो ईरान जोरदार जवाब देगा और कोई दबाव स्वीकार नहीं करेगा।”
दूसरी ओर, इजरायल-ईरान युद्ध दूसरे महीने में प्रवेश करते ही और तीव्र हो गया है। इजरायल ने तेहरान के प्रमुख बैलिस्टिक मिसाइल प्रतिष्ठानों को निशाना बनाने का दावा किया, तो जवाब में ईरान ने इजरायल पर कई मिसाइलें दागीं। इससे लाखों इजरायली नागरिकों को आश्रयों में शरण लेनी पड़ी। इजरायल के दक्षिणी औद्योगिक क्षेत्र में आग लगने की खबर है, जहां रासायनिक और खतरनाक अपशिष्ट संयंत्र स्थित हैं, लेकिन नुकसान का पूरा ब्योरा स्पष्ट नहीं हुआ।
क्षेत्रीय शक्तियों की कूटनीतिक कोशिश: रॉयटर्स के अनुसार, इस्लामाबाद में पाकिस्तान, सऊदी अरब, तुर्की और मिस्र के विदेश मंत्रियों की महत्वपूर्ण बैठक हुई। इसमें ईरान के साथ युद्ध रोकने की रणनीति पर विचार किया गया। बैठक में वैश्विक अर्थव्यवस्था, आपूर्ति श्रृंखलाओं, खाद्य संकट और ऊर्जा सुरक्षा पर पड़ने वाले प्रभावों की गहन समीक्षा हुई।
यह युद्ध 28 फरवरी को अमेरिका और इजरायल के ईरान पर हमलों से शुरू हुआ था, जो अब पूरे मध्य पूर्व में फैल चुका है। इसी बीच, यमन के हूथी विद्रोहियों ने भी इजरायल पर हमले तेज कर दिए हैं, जिससे स्थिति और जटिल हो गई है।
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