उत्तर प्रदेश/रामपुर: भड़काऊ भाषण के मामले में समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता आजम खान पर फैसले की तलवार लटक रही है। अदालत में सुनवाई पूरी होने और वकीलों की बहस हो जाने के बाद अब 27 अक्टूबर को अंतिम निर्णय के लिए रामपुर के एमपी- एमएलए कोर्ट ने तारीख तय की है।
यह मामला 2019 का है जब कथित रूप से आजम खान ने रामपुर में एक चुनावी भाषण के दौरान आपत्तिजनक और भड़काऊ टिप्पणियां की थी जिस पर रामपुर के मिलक थाना में एफ आई आर दर्ज की गई थी और अदालत में इसकी सुनवाई चल रही थी।
आजम खान के वकील विनोद शर्मा ने बताया, “कल हमने अपनी पूरी बहस कर ली थी कि जितने भी भाषण हैं यह हमारे भाषण नहीं है यह सब फर्जी तरीके से बनाए गए है और यह भाषण साबित भी नहीं है, अदालत के अंदर, और जो प्रॉसीक्यूशन है अभियोजन पक्ष है वह अपना केस अदालत में साबित नहीं कर पाया है और हमारा केस पूरा छूटने का है और आज अभियोजन ने और हमने जो कल बहस करी थी उसका जवाब दिया था उनके जवाब में भी हमने जो पॉइंट उठाए थे वह उसका स्पष्ट जवाब नहीं दे पाए तो ये जो केस है कहीं से कहीं तक अभियोजन अपना साबित नहीं कर पाया है।
यह मामला कब दर्ज हुआ था और क्या पूरा मामला था इस पर वकील विनोद शर्मा ने बताया यह 7-9-2019 में यह एफआईआर अभियोजन के अनुसार दर्ज हुई थी कि उन्होंने एक जगह स्पीच दी थी इस स्पीच के संबंध में उन्होंने यह मुकदमा दर्ज किया था हमारा यह कहना है की ऐसी कोई हेट स्पीच हमने नहीं दी है और यह पूरा हमारे खिलाफ राजनैतिक ध्वज के कारण मुकदमा फर्जी तैयार किया गया है।
आज इसमें अंतिम बहस क्या हुई और जजमेंट की डेट कौन सी है इस पर वकील विनोद शर्मा ने बताया कल हमने अपनी बहस करी थी उस बहस में आज अभियोजन ने अपना जवाब दिया था और अभी मालूम पड़ा है कि 27 अक्टूबर तारीख आदेश के लिए लगा दी गई है उस में अंतिम फैसला आएगा।
- J&K Police Issue August 5 Security Advisory, Strictly Restrict Unpermitted Rallies

- Jamia Millia Islamia Opens Admissions for 49 Distance and Online Programs; Launches New B.Sc. and MBA Courses

- पत्रकारिता से राजनीति तक: यूसुफ़ अंसारी की नई पारी और एक नया इम्तिहान-खालिद मुस्तफ़ा (अलीग)

- झारखंड: चतरा के बड़गांव में भीड़ ने युवक की पीट-पीटकर हत्या, प्रशासन पर सवाल

- मुस्लिम राष्ट्रीय मंच के संयोजक मज़ाहिर खान ने मुरादाबाद मंडलायुक्त आंजनेय कुमार को भेंट की डॉ. ख्वाजा इफ्तिकार की पुस्तक

- नेपाल के सुनसरी में सांप्रदायिक हिंसा के बाद कर्फ्यू, 3 की मौत: जानें क्या है पूरा मामला

