रूस, ईरान, कोलंबिया और क्यूबा ने वेनेजुएला पर हुए अमेरिकी हमले की कड़ी निंदा की है। इन देशों ने इस सैन्य कार्रवाई को अंतरराष्ट्रीय कानून और वेनेजुएला की संप्रभुता का उल्लंघन बताया है।
रूस ने कहा है कि वह वेनेजुएला के नेतृत्व द्वारा अपने राष्ट्रीय हितों और संप्रभुता की रक्षा की नीति का समर्थन करता है। रूसी विदेश मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि लैटिन अमेरिका को शांति का क्षेत्र बने रहना चाहिए और आगे किसी भी प्रकार के तनाव को रोकते हुए बातचीत के माध्यम से स्थिति का समाधान निकाला जाना चाहिए।
ईरान ने अमेरिकी हमले को वेनेजुएला की राष्ट्रीय संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता का उल्लंघन करार देते हुए संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद से तत्काल कदम उठाने और दोषियों को जवाबदेह ठहराने का आह्वान किया है।
उल्लेखनीय है कि संयुक्त राज्य अमेरिका ने वेनेजुएला पर सैन्य कार्रवाई की पुष्टि की है। अमेरिकी मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, यह अभियान अमेरिकी युद्धक विमानों की मदद से डेल्टा फोर्स द्वारा संचालित किया गया, जिसमें राजधानी काराकास में कई सैन्य और सरकारी ठिकानों को निशाना बनाया गया।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हमले की पुष्टि करते हुए कहा कि राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी को “वेनेजुएला से सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है।”
वेनेजुएला सरकार ने इसे अमेरिका द्वारा नागरिक क्षेत्रों पर हमला बताते हुए खुला आक्रमण करार दिया है। सरकारी बयान में कहा गया कि इस कार्रवाई का मकसद वेनेजुएला के तेल और खनिज संसाधनों पर कब्जा करना है।
इसी बीच, अमेरिकी अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी के खिलाफ न्यूयॉर्क के दक्षिणी जिले में अभियोग दाखिल किया गया है। उन पर अमेरिका के खिलाफ इस्तेमाल के लिए हथियार हासिल करने की साजिश रचने, ड्रग तस्करी और आतंकवाद से जुड़े आरोप लगाए गए हैं।
बोंडी ने यह भी बताया कि 7 अगस्त 2025 को अमेरिकी सरकार ने मादुरो की गिरफ्तारी के लिए 50 मिलियन डॉलर के इनाम की घोषणा की थी।
- यमन: हौथी विद्रोहियों का बाब अल-मंदेब जलडमरूमध्य पर पूर्ण नियंत्रण का दावा; राष्ट्रपति अलीमी ने जताई वैश्विक व्यापार संकट की आशंका

- ईरान संकट गहराने से कच्चे तेल में बड़ा उछाल: ब्रेंट क्रूड 105 डॉलर के पार, भारत समेत दुनिया भर में बढ़ सकती है महंगाई

- मिस्र: टीवी एंकर सारा खलीफा को ड्रग्स तस्करी मामले में मौत की सजा, अदालत में फूट-फूटकर रोईं

- पीएम मोदी का ‘व्यक्तिगत ध्यान’ भारत-रूस विशेष रणनीतिक साझेदारी को दे रहा मजबूती: व्लादिमीर पुतिन

- एकता और विविधता दोनों ही भारत के डीएनए में बसी हैं: आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत

