यूके स्वास्थ्य सुरक्षा एजेंसी (UKHSA) ने कहा है कि कोरोनोवायरस का एक नया सबवेरिएंट जिसे ईजी.5.1 के नाम से जाना जाता है और ओमिक्रॉन वेरिएंट का वंशज, जो पहले से मौजूद सात नए मामलों में से एक है, यूके में तेज़ी से फैल रहा है।
ईजी.5.1 कोविड के ओमिक्रॉन वायरस का ही एक रुप है, जिसे वैज्ञानिक तौर पर ईजी.5.1 (EG.5.1) के नाम से जाना जाता है। इस वैरिएंट को एरिस नाम दिया गया है। इसे 31 जुलाई को यूके में कोविड के एक प्रकार के रूप में वर्गीकृत किया गया था। उसके बाद से यह बेहद तेजी से फैल रहा है।
यूके स्वास्थ्य सुरक्षा एजेंसी(UKHSA) के आंकड़ों के मुताबिक हर सात नए केस में एक केस एरिस का है। ताजा आंकड़ों के मुताबिक अब यह देश के 14.6% कोविड मामलों के लिए जिम्मेदार है, और यूके में दूसरा सबसे अधिक संक्रमण फैलाने वाला वायरस है।
विदेशी मीडिया के अनुसार ब्रिटेन में कोविड का यह वायरस काफी तेजी से फैल रहा है, क्योंकि हाल ही में कोविड के मामलों और अस्पताल में भर्ती होने की संख्या में वृद्धि हुई है।अधिकारियों का कहना है कि वे स्थिति पर बारीकी से निगाह रखे हुए हैं क्योंकि कोविड के मामलों की दर में वृद्धि जारी है। वैसे, यूकेएचएसए के आंकड़ों के मुताबिक आर्कटुरस XBB.1.16 संस्करण (ओमीक्रॉन का एक और वंशज) सबसे ज्यादा प्रभावशाली है और इसकी वजह से ब्रिटेन में संक्रमण के मामले, सभी मामलों का 39.4% हैं।
विश्व स्वास्थ्य संगठन ने दी चेतावनी
विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने दो सप्ताह पहले ही ईजी.5.1 वैरिएंट पर नज़र रखना शुरू किया था। WHO के महानिदेशक टेड्रोस अदनोम घेब्येयियस ने कहा कि हालांकि वेक्सिनेशन के बाद पूर्व संक्रमण से बेहतर सुरक्षित हैं, लेकिन सभी देशों को अपनी सतर्कता में कोई कमी नहीं रखनी चाहिए। उन्होंने कहा कि हम सरकारों से आग्रह करते हैं कि वे उन प्रणालियों को बनाए रखें और नष्ट न करें जो उन्होंने COVID-19 के लिए बनाई थीं।
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