रामपुर (उत्तर प्रदेश): उत्तर प्रदेश में साइबर अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत रामपुर पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। थाना मिलक पुलिस और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने नौकरी दिलाने के नाम पर लोगों से लाखों रुपये की धोखाधड़ी करने वाले दो शातिर साइबर ठगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इनके पास से भारी मात्रा में इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और बैंक से जुड़े दस्तावेज बरामद किए हैं।
ग्राम खुटिया के पास से हुई गिरफ्तारी
पुलिस अधीक्षक (SP) रामपुर के आदेश और अपर पुलिस अधीक्षक व क्षेत्राधिकारी मिलक के कुशल पर्यवेक्षण में थाना मिलक पुलिस और साइबर टीम ने त्वरित कार्रवाई की। पुलिस टीम ने आज (9 जुलाई 2026) को मुखबिर की सूचना पर ग्राम खुटिया के पास से दोनों अभियुक्तों को दबोच लिया।
गिरफ्तार किए गए अभियुक्तों का विवरण:
- विकास गंगवार पुत्र राजाराम (निवासी: ग्राम गुलड़िया, थाना शीशगढ़, जनपद बरेली)
- राजीव पुत्र रामपाल (निवासी: ग्राम बीसलपुर, थाना शीशगढ़, जनपद बरेली)
फर्जी इंटरव्यू और डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के नाम पर ठगी
पुलिस पूछताछ में अभियुक्तों ने अपने अपराध करने के तरीके (Modus Operandi) का खुलासा किया। शातिर ठग मुख्य रूप से दो वेबसाइट्स का इस्तेमाल करते थे:
[https://www.hipsjobs.com/home](https://www.hipsjobs.com/home)[https://www.careerjobplacement.com/](https://www.careerjobplacement.com/)
इन वेबसाइट्स के जरिए वे बेरोजगार युवाओं को नौकरी का झांसा देकर उनका सीवी (CV) मंगाते थे। इसके बाद फोन पर ही फर्जी इंटरव्यू का नाटक रचा जाता था। इंटरव्यू के बाद डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन और अन्य प्रक्रियाओं के नाम पर पीड़ित से मोटी रकम अपने बैंक खातों में ट्रांसफर करवा ली जाती थी।
राष्ट्रीय समन्वय पोर्टल पर दर्ज हैं कई शिकायतें: पकड़े गए इन ठगों के खिलाफ राष्ट्रीय साइबर अपराध समन्वय पोर्टल (NCCR) पर पहले से ही कई शिकायतें (जैसे- 21504260011514, 21601260006112 आदि) दर्ज हैं, जो इनके बड़े नेटवर्क की ओर इशारा करती हैं।
भारी मात्रा में सामान बरामद
पुलिस ने अभियुक्तों के पास से साइबर ठगी में इस्तेमाल होने वाले निम्नलिखित उपकरण बरामद किए हैं:
- विकास गंगवार से: 02 मोबाइल फोन, 04 एटीएम कार्ड, 01 बैंक पासबुक और 01 चेकबुक।
- राजीव से: 05 मोबाइल फोन, 05 एटीएम कार्ड, 01 ‘VI’ कंपनी का सिम कार्ड और 01 नोटबुक (जिसमें ठगी का हिसाब-किताब हो सकता है)।
कानूनी कार्रवाई
थाना मिलक में दोनों अभियुक्तों के खिलाफ मु0अ0सं0- 222/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318(4), 317(2) और सूचना प्रौद्योगिकी (IT) अधिनियम की धारा 66D के तहत मुकदमा पंजीकृत किया गया है। पुलिस ने दोनों को जेल भेजकर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
गिरफ्तारी करने वाली जांबाज पुलिस टीम
इस सफलता को अंजाम देने वाली टीम में प्रभारी निरीक्षक मनीराम सिंह, उप-निरीक्षक (U.I.) दिर्घांशु शर्मा, उ0नि0 शैलेन्द्र प्रताप सिंह, हेड कांस्टेबल देवेन्द्रपाल सिंह, कांस्टेबल शक्ति सिंह, कांस्टेबल सावेज और चालक कांस्टेबल विपिन कुमार शामिल रहे।
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