अब्राहम समझौते के विस्तार पर तुर्की का बड़ा बयान; कहा- स्वतंत्र फिलिस्तीन राज्य के बिना मध्य पूर्व में शांति असंभव

Date:

अंकारा: मध्य पूर्व (Middle East) में शांति और स्थिरता को लेकर तुर्की ने अपना रुख पूरी तरह साफ कर दिया है। तुर्की ने दो-टूक शब्दों में कहा है कि अब्राहम समझौते (Abraham Accords) के किसी भी संभावित विस्तार के लिए एक संप्रभु और स्वतंत्र फिलिस्तीनी राज्य की स्थापना एक बुनियादी और अनिवार्य शर्त है।

यह अहम बयान तुर्की के विदेश मंत्री हाकान फिदान ने क्षेत्र की मौजूदा सुरक्षा और कूटनीतिक स्थिति पर चर्चा के दौरान दिया।

फिलिस्तीन मुद्दे का निष्पक्ष समाधान ही एकमात्र रास्ता

तुर्की के विदेश मंत्री हाकान फिदान ने स्पष्ट किया कि मध्य पूर्व में स्थायी शांति के लिए फिलिस्तीनी मुद्दे का समाधान अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने जोर देकर कहा:

“जब तक फिलिस्तीनी मुद्दे का कोई निष्पक्ष और न्यायसंगत समाधान नहीं हो जाता, तब तक इस पूरे क्षेत्र में पूर्ण स्थिरता की कल्पना नहीं की जा सकती।”

विदेश मंत्री ने इजरायल के सामने एक स्पष्ट विकल्प रखते हुए कहा कि अगर इजरायल 1967 की सीमाओं के आधार पर एक स्वतंत्र फिलिस्तीनी राज्य को मान्यता देता है, तभी वह क्षेत्रीय एकता और सहयोग के रास्ते पर आगे बढ़ सकता है।

तुर्की ने रखा नए क्षेत्रीय मंच (Regional Forum) का प्रस्ताव

क्षेत्र में सुरक्षा और सहयोग को मजबूत करने के लिए तुर्की ने एक नए और बड़े क्षेत्रीय मंच की स्थापना का प्रस्ताव रखा है। इस प्रस्तावित मंच में निम्नलिखित प्रमुख देशों को शामिल करने की बात कही गई है:

  • सऊदी अरब
  • मिस्र (Egypt)
  • पाकिस्तान
  • खाड़ी देश (Gulf Countries)

ईरान की भूमिका पर क्या कहा?

तुर्की के विदेश मंत्री ने संकेत दिए कि यह मंच केवल कुछ देशों तक सीमित नहीं रहेगा। यदि क्षेत्र में स्थितियां सामान्य होती हैं और तनाव कम होता है, तो ईरान भी इस प्रस्तावित क्षेत्रीय मंच का हिस्सा बन सकता है।

संप्रभुता का सम्मान है जरूरी

हाकान फिदान ने अपने संबोधन के अंत में सभी देशों से आपसी तालमेल बढ़ाने की अपील की। उन्होंने कहा कि मध्य पूर्व में स्थायी शांति तभी स्थापित हो सकती है जब क्षेत्र के सभी देश एक-दूसरे की संप्रभुता, अखंडता और सुरक्षा का पूरी तरह से सम्मान करें।

तुर्की का यह कड़ा रुख साफ करता है कि वह फिलिस्तीन के मुद्दे पर किसी भी तरह के समझौते के मूड में नहीं है और भविष्य में होने वाले किसी भी क्षेत्रीय कूटनीतिक समझौते में फिलिस्तीन की आजादी को केंद्र में रखेगा।

Share post:

Visual Stories

Popular

More like this
Related

सहारनपुर: रशीद मसूद फार्म पर जामिया एलुमनाई मीट का आयोजन, सांसद इमरान मसूद समेत कई दिग्गज रहे मौजूद

सहारनपुर/नई दिल्ली: जामिया मिलिया इस्लामिया के पूर्व छात्रों (Alumni)...

Rampur News: सड़क चौड़ीकरण की मांग को लेकर जिला पंचायत सदस्य के नेतृत्व में क्षेत्रवासियों का प्रदर्शन

रामपुर: तोपखाना-प्राणपुर-मानकपुर-बंजरिया मार्ग के चौड़ीकरण की मांग को लेकर...

एसडीएम कोर्ट में भ्रष्टाचार और दलाली के खिलाफ वकीलों का फूटा गुस्सा, 13-14 जुलाई को कार्य बहिष्कार का ऐलान

बदायूँ/सहसवान: उप जिलाधिकारी (एसडीएम) न्यायालय में व्याप्त कथित भ्रष्टाचार,...