
नालंदा, बिहार: प्राचीन ज्ञान और आधुनिक विचारों के संगम का गवाह बनने जा रहे ‘नालंदा इंटरनेशनल लिटरेचर फेस्टिवल 2026’ की तैयारियाँ जोरों पर हैं। आमत्या फाउंडेशन (Aamatya Foundation) के तत्वावधान में आयोजित होने वाले इस प्रतिष्ठित साहित्यिक उत्सव के लिए प्रख्यात राजनीतिक विश्लेषक श्री आलोक वत्स को विशेष रूप से आमंत्रित किया गया है।
मुख्य आकर्षण और कार्यक्रम
यह अंतरराष्ट्रीय महोत्सव 12 से 15 मार्च 2026 तक ऐतिहासिक नगरी नालंदा, बिहार में आयोजित किया जाएगा। महोत्सव की क्यूरेटर वैशाली सेता ‘नालंदई’ द्वारा भेजे गए निमंत्रण पत्र के अनुसार, श्री आलोक वत्स को एक विशेष वन-ऑन-वन (one on one) पैनल चर्चा में ‘प्रतिष्ठित वक्ता एवं सम्मानित अतिथि’ के रूप में शामिल होने का अनुरोध किया गया है।
नालंदा की विरासत को पुनर्जीवित करने का प्रयास
आयोजकों का मानना है कि नालंदा, जो दुनिया के सबसे पुराने अंतरराष्ट्रीय विश्वविद्यालय का घर रहा है, सदियों से निर्भीक जांच और बौद्धिक संवाद का प्रतीक रहा है। इस महोत्सव का उद्देश्य है:
- साहित्य, विचार, मीडिया और लोकतंत्र जैसे विषयों पर वैश्विक मंच प्रदान करना।
- प्राचीन ज्ञान और आधुनिक वास्तविकताओं के बीच सार्थक आदान-प्रदान को बढ़ावा देना।
- दुनिया भर के प्रख्यात लेखकों, विद्वानों, विचारकों और पत्रकारों को एक मंच पर लाना।
गरिमामयी उपस्थिति की प्रतीक्षा
आमत्या फाउंडेशन की ओर से जारी इस निमंत्रण में श्री वत्स के योगदान की सराहना करते हुए कहा गया है कि उनकी उपस्थिति महोत्सव की गरिमा बढ़ाएगी। आने वाले दिनों में पैनल की थीम और विस्तृत कार्यक्रम साझा किए जाएंगे।
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